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तमिलनाडु के विश्व प्रसिद्ध श्रीरंगम श्रीरंगनाथस्वामी मंदिर के पूर्वी प्रवेश स्तंभ की दीवार का एक हिस्सा ढहा

चेन्नई, 05 अगस्त । भगवान विष्णु को समर्पित तमिलनाडु के विश्व प्रसिद्ध श्रीरंगम श्रीरंगनाथस्वामी मंदिर के पूर्वी प्रवेश स्तंभ की दीवार का एक हिस्सा आधीरात बाद करीब दो बजे ढह गया। इस घटना में किसी के भी हताहत होने की सूचना नहीं है। यह मंदिर तिरुचिरापल्ली से 12 किलोमीटर दूर श्रीरंगम में स्थित है।

बताया गया है कि पूर्वी प्रवेश द्वार की पहले और दूसरे स्तर की परिसर की दीवारों में दरारें आने के बाद मरम्मत का काम चल रहा है। इसी दौरान पहले स्तर की दीवार का एक हिस्सा ढह गया। इस घटना से सुबह मंदिर पहुंचे श्रद्धालुओं में हड़कंप मच गया। शनिवार का दिन वैष्णव देवताओं के लिए शुभ माना जाता है। फिलहाल मलबा हटाया जा रहा है। श्रीरंगम मंदिर 108 दिव्य देशम वैष्णव मंदिरों में सबसे प्रमुख है।

विश्व प्रसिद्ध श्रीरंगम श्रीरंगनाथस्वामी मंदिर परिसर लगभग 150 एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है। इस विशाल मंदिर परिसर में विराजमान भगवान विष्णु को श्रीरंगनाथस्वामी के रूप में पूजा जाता है। कावेरी और उसकी सहायक नदी कोल्लिदम के द्वीप पर बसा श्रीरंगम का रंगनाथस्वामी मंदिर विश्व का सबसे विशाल संचालित मंदिर क्षेत्र है। हिन्दू ग्रंथों एवं पुराणों में ऐसी मान्यता है कि यह क्षेत्र सृष्टि के आरंभ से ही अस्तित्व में है।

यह मंदिर चारों दिशाओं में सात परत में दीवारों से घिरा हुआ है। इन दीवारों की कुल लंबाई लगभग 10 किलोमीटर है। समूचे परिसर में मुख्य मंदिर के अलावा 50 अन्य मंदिर हैं। इस परिसर में 17 विशाल गोपुरम समेत कुल 21 गोपुरम हैं। परिसर में कुल 39 मंडप और नौ सरोवर हैं। मंदिर का मुख्य मंडप अयिरम काल है। इस विशाल मंडप में 1000 स्तंभ हैं।

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