
जालंधर, 18 अगस्त । पंजाब पुलिस के विशेष महानिदेशक (लॉ एंड आर्डर) अर्पित शुक्ला ने सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के साथ मिलकर नशे की सप्लाई चेन तोड़ने और सरहद पार से नशा तस्करी में ड्रोन ऑपरेशनों से निपटने के लिए एक रणनीति तैयार की है। पंजाब पुलिस ने नशा तस्करों की संपत्ति जब्त करने का अभियान शुरू किया है।
शुक्रवार को जालंधर में बीएसएफ जालंधर के फ़्रंटियर हेडक्वाटर में एक बैठक हुई। इस बैठक में विशेष डीजीपी शुक्ला और फ़्रंटियर हेडक्वाटर, बीएसएफ जालंधर के आईजी डाॅ अतुल फुलज़ले ने बीएसएफ, पंजाब पुलिस, नारकोटिकस कंट्रोल ब्यूरो ( एसीबी) और अन्य केंद्रीय एजेंसियों के वरिष्ठ आधिकारी शामिल हुई। इस साझी तालमेल-कम-रिव्यू बैठक में सरहद पार से हो रही तस्करी को रोकने के लिए राज्य की सरहद पर सुरक्षा को और मज़बूत करने पर विचार विमर्श किया।
बैठक में विशेष डीजीपी अर्पित शुक्ला ने बीएसएफ और पंजाब पुलिस के बीच पूर्ण तालमेल और टीम वर्क करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि यह सही समय है कि दोनों सुरक्षाबल एकजुट हों और एक टीम के तौर पर काम करें। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने सीमावर्ती क्षेत्रों में सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए पहले ही 20 करोड़ रुपये मंज़ूर किए हैं। इलाके में कैमरे लगाने का काम ज़ोरों पर चल रहा है। उन्होंने कहा कि इसके अलावा पुलिस थानों समेत पुलिस के बुनियादी ढांचे को मज़बूत करने के लिए 10 करोड़ रुपये ख़र्च किये जा रहे हैं, जबकि बार्डर पुलिस को अतिरिक्त पुलिस बल और वाहन भी मुहैया करवाए जा रहे हैं।
विशेष डीजीपी शुक्ला ने डीआईजी बार्डर रेंज और डीआईजी फ़िरोज़पुर रेंज को सरहदी जिलों के पुलिस कप्तानों और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को लोगों में पुलिस का भरोसा बढ़ाने की जिम्मेदारी सौंपी है। इसके तहत महीने में कम से कम एक या दो बार सरहदी गांवों में रात में ठहर कर लोगों का भरोसा कायम करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को नशा तस्कारी के आरोप में पकड़े गए बड़े नार्को स्मगलरों की संपत्ति की पहचान कर उन्हें ज़ब्त करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि इस साल पंजाब पुलिस ने 12.99 करोड़ रुपये की 30 संपत्तियां ज़ब्त की हैं।
उन्होंने सीमावर्ती गांवों को माडल गांवों में तबदील करने के लिए सिविक एक्शन प्रोग्राम लागू करने की ज़रूरत पर भी ज़ोर दिया। जिसमें बुनियादी ढांचा, शिक्षा, यातायात, संचार आदि की सुविधाओं को अपग्रेड करना भी शामिल है। उन्होंने कहा कि हमें गांवों में पार्क और मैदान बनाने चाहिए, जिससे नौजवानों की ऊर्जा को सही दिशा दी जा सके।

