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‘पुष्पा इम्पॉसिबल’ में विवादित टिप्पणी पर एफआईआर की कार्यवाही पर हाई कोर्ट ने लगाई रोक

नई दिल्ली, 30 नवंबर  । दिल्ली हाई कोर्ट के जस्टिस रजनीश भटनागर की बेंच ने सब टीवी पर प्रसारित होने वाले सीरीज ‘पुष्पा इम्पॉसिबल’ में धोबी समुदाय पर की गई कथित जातिगत एवं अपमानजनक टिप्पणी के खिलाफ दर्ज एफआईआर की कार्यवाही पर अगले आदेश तक रोक लगा दी है। कोर्ट ने दिल्ली पुलिस से स्टेटस रिपोर्ट तलब की है। मामले की अगली सुनवाई 15 जनवरी, 2024 को होगी।

सोनी सब टीबी की ओर से दायर याचिका में पटियाला हाउस कोर्ट की ओर से 19 अक्टूबर को जारी समन पर रोक लगाने की मांग की गई है। पटियाला हाउस कोर्ट ने सब टीबी के मालिक को दो दिसंबर को पेश होने का आदेश दिया है। याचिकाकर्ता की ओर से वकील एन हरिहरन ने कहा कि एफआईआर में एससी-एसटी एक्ट की धारा 3(1)(यू) के तहत आरोप लगाए गए हैं। एसटी एक्ट की धारा 3(1)(यू) के तहत किसी व्यक्ति को एससी-एसटी समुदाय या उसके सदस्य के खिलाफ घृणा या वैमनस्य फैलाने के आरोप में सजा दी जाती है।

रिहरन ने कहा कि ‘पुष्पा इम्पॉसिबल’ सीरीज के 33वें एपिसोड में सीरीज के एक पात्र ने अपने डायलॉग में ‘दो कौड़ी का धोबी’ बोला, जिसके आधार पर एफआईआर दर्ज की गई है। हरिहरन ने कहा कि याचिकाकर्ता के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट का मामला नहीं बनता है, क्योंकि वो एक व्यक्ति नहीं है, बल्कि एक कंपनी है। उन्होंने कहा कि एससी-एसटी एक्ट के तहत किसी कंपनी को समन जारी नहीं किया जा सकता है, क्योंकि कंपनी किसी समुदाय का सदस्य नहीं होता है। उसके बाद हाई कोर्ट ने एफआईआर पर अगले आदेश तक कार्यवाही पर रोक लगा दिया।

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