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टाइटैनिक का मलबा पर्यटकों को दिखाने वाली पनडुब्बी, अटलांटिक महासागर में लापता

टाइटैनिक का मलबा पर्यटकों को दिखाने वाली पनडुब्बी, अटलांटिक महासागर में लापता

अटलांटिक महासागर, 19 जून । पर्यटकों को विशालकाय जहाज टाइटैनिक का मलबा दिखाने वाली पनडुब्बी अटलांटिक महासागर में लापता हो गई है। इसकी पुष्टि करते हुए पनडुब्बी का संचालन करने वाली निजी कंपनी ओशनगेट ने बताया कि पनडुब्बी दक्षिण-पूर्वी कनाडा के तट से लापता हो गई है।

ओशनगेट कंपनी ने सोमवार को जारी एक बयान में कहा कि पनडुब्बी लापता होने के बाद उसमें सवार लोगों को बचाने के लिए सभी विकल्पों पर ध्यान रखा जा रहा है। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि पनडुब्बी पर कितने लोग सवार थे।

रिपोर्ट के अनुसार, तटरक्षक बल ने खोज और बचाव अभियान शुरू कर दिया है। ओशनगेट ने एक बयान में कहा कि पनडुब्बी के साथ संपर्क फिर से स्थापित करने के हमारे प्रयासों में हमें कई सरकारी एजेंसियों और डीप सी कंपनियों से मिली व्यापक सहायता के लिए आभारी है।

कंपनी की वेबसाइट के अनुसार वर्तमान में 2023 के पांचवें टाइटैनिक मिशन का संचालन कर रही है, जो पिछले सप्ताह से शुरू होकर गुरुवार को समाप्त होने वाली थी। इस अभियान की लागत प्रति व्यक्ति 250,000 डॉलर है।

ओशियानेट की वेबसाइट के अनुसार, ये यात्रा सेंट जॉन, न्यूफाउंडलैंड से शुरू होती है और ये अटलांटिक में लगभग 400 मील की दूरी तय तक जाती है। इस पनडुब्बी में एक समय में करीब पांच लोग ही सवार हो सकते हैं, जो करीब दो घंटे का सफर तय करने के बाद टाइटैनिक के मलबे तक पहुंच पाते हैं।

टाइटैनिक जहाज साल 1912 में अपनी पहली यात्रा के दौरान एक हिमखंड से टकराकर डूब गया था। उस समय टाइटैनिक में सवार करीब 1,500 से अधिक लोग मारे गए थे।

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